1947 में भारत की जनसंख्या कितनी थी, 1947 Me India Ki Population Kitni Thi

1947 में भारत की जनसंख्या कितनी थी यह सवाल आपके मन में है और आप इस सवाल का सही से जवाब चाहते हैं तो फिर आप एक सही पोस्ट पर आए हैं आज की इस पोस्ट में हम डिटेल के साथ बात करने वाले हैं कि 15 अगस्त 1947 को हिंदुस्तान में आबादी कितनी थी.

हमारे देश को काफी लंबा संघर्ष करने के बाद अंग्रेजों से 15 अगस्त 1947 को आजादी मिली थी हमारे देश को आजादी काफी बड़ा आंदोलन करने के बाद मिली थी इस आंदोलन में भारत के कई लोगों ने अपनी जान भी गंवा दी थी.

India कई सालों तक गुलामी में रहा है तकरीबन 200 साल तक तो अंग्रेजों की गुलामी में रहा है इस गुलामी का हिंदुस्तान देश को जो सबसे बड़ा नुकसान हुआ है वह है साक्षरता और गरीबी का इसी वजह से भारत में आज भी काफी लोग गरीब और अशिक्षित है.

खासकर भारत के गांव में काफी लोग आज भी गरीबी की रेखा के नीचे हैं और शिक्षित भी नहीं है इसका जो सबसे बड़ा नुकसान हमारे देश को हो रहा है कि देश के ज्यादातर हिस्सों में अशिक्षित लोगों की वजह से भारत की जनसंख्या में लगातार वृद्धि होती रहती है.

हालांकि में ये नहीं मानता हु की सिर्फ अशिक्षित लोगों की वजह से इंडिया में जनसंख्या में लगातार वृद्धि होती रहती है इसके दूसरे कारण भी हो सकते है जैसे की आज भी हमारे देश में ज्यादातर लोगो की ये सोच है की एक बेटा ही माँ-बाप के सपने को पूरा कर सकता है बेटे के लिए काफी ऐसे लोग है की 5 या उसे भी आदिक बेटिया पैदा कर दी है.

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1947 में भारत की जनसंख्या कितनी थी, 1947 Me India Ki Population Kitni Thi

1947 में भारत की जनसंख्या कितनी थी

इसका जो फिर नुकासन जो होता है वह देश को होता है और लगातार फिर जनसंख्या में वृद्धि होती रहती है हालांकि जनसंख्या में वृद्धि आज भी हमारे देश की ज्यादातर जनता शिक्षित नहीं है इसी वजह से अपने परिवार का सही से नियोजन नहीं कर पाते हैं और बेटे के लिए काफी बेटिया पैदा कर देते है.

यदि देश के लोग बेटी को ही ये मान ले की ये हमारे सपने पुरे कर सकती है तो फिर यकीन मानिये देश की जनसंख्या में वृद्धि में थोड़ी कमी जरूर आएगी.

लेकिन दोस्तों आप ये सोच रहे होंगे की में ये सब बाते किस लिए कर रहा हु आज की इस पोस्ट में हम बात तो 1947 में देश जनसंख्या कितनी थी इस पर करने वाले थे तो चलिए अब आपका हम ज्यादा समय नहीं लेते है और आपको बता देते है की 1947 में इंडिया की जनसंख्या कितनी थी.

1947 में इंडिया की जनसंख्या कितनी थी

सन 1947 में भारत देश की जनसंख्या एक अनुमान के मुताबिक 33 करोड़ थी लेकिन देश को आजादी के बाद जो आधिकारिक रूप से जो भारत देश की जनगणना की गई थी वह वर्ष 1951 में की गई थी तब भारत की जनसंख्या 36 करोड़ 10 लाख 88 हजार 903 थी.

आपको हम यह भी बता देना चाहते हैं कि ब्रिटिश राज में भारत देश की जनगणना होती थी और हर 10 साल में देश में जनगणना की जाती थी और उसी परंपरा को आज भी हमारे देश में निभाया जाता है और हर 10 साल के बाद भारत देश में जनगणना की जाती है.

चलिए आपको हम देश में आजादी के बाद जो आधिकारिक रूप से भारत देश की जनगणना की गई है उसके आंकड़े आपके साथ हम शेयर कर देते हैं.

1951 से लेकर 2011 तक भारत देश की जनगणना के आंकड़े

 

वर्ष जनसंख्या वृद्धि
1951 36,10,88,090
1961 43,92,34,771 7,81,46,681
1971 54,81,59,652 10,89,24,881
1981 68,33,29,097 13,51,69,445
1991 84,64,21,039 16,30,91,942
2001 1,02,87,37,436 18,23,16,397
2011 1,21,01,93,422 18,14,55,986

 

Not: आधिकारिक रूप से हर 10 साल में हो रही जनगणना में भारत देश में कितनी वृद्धि होती है इसके बारे में भी आप आंकड़े देख सकते हैं.

1947 में भारत की जनसंख्या भाषा के आधार पर

आपको हमने जैसा कि पहले बताया कि भारत में विभिन्न प्रकार के लोग रहते हैं विभिन्न प्रकार की भाषाएं बोली जाती हैं तो चलिए अब आपको हम बता देते हैं कि भारत देश में भाषा के आधार पर 1947 में कितने लोग रहते थे.

संख्या भाषा जनसंख्या
1 हिंदी,उर्दू,पंजाबी 14 करोड़ 90 लाख
2 तेलुगू 3 करोड़ 29 लाख
3 मराठी 2 करोड़ 65 लाख
4 तमिल 2 करोड़ 60 लाख
5 बंगाली 2 करोड़ 51 लाख
6 गुजराती 1 करोड़ 63 लाख
7 कन्नड़ 1 करोड़ 44 लाख
8 मलायम 1 करोड़ 38 लाख
9 उड़िया, असामी
1 करोड़ 88 लाख

 

Not: भाषा के आधार पर भारत की जनसंख्या के यह आंकड़े अनुमानित है 1947 में भारत देश में भाषा के आधार पर कोई जनगणना नहीं की गई थी.

1947 में भारत देश में धर्म के आधार पर जनसंख्या कितनी थी

हमारे देश में हिंदू, मुस्लिम, ईसाई, सिख, बौद्ध, जैन इसके अलावा भी कुछ धर्म हैं जिनके लोग हमारे देश में रहते हैं जो काफी समय पहले से ही हमारे देश में बसे हुए हैं जो देश आजाद हुआ तब भी हमारे देश में थे और आज भी हमारे देश में यह सभी धर्म के लोग रहते हैं.

चलिए आपको हम बता देते हैं कि भारत देश में 1947 में धर्म के आधार पर रहने वाले लोगों की जनसंख्या कितनी थी.

संख्या धर्म जनसंख्या
1 हिंदू 30,36,75,000
2 मुस्लिम 3,52,86,000
3 ईसाई, सिख, बौद्ध, जैन 1,94,62,000

 

2021 में भारत की जनसंख्या कितनी है

वर्तमान में भारत की आबादी की बात की जाए तो बिना किसी जनगणना के इतने बड़े देश की सटीक जनसंख्या का पता लगाना काफी मुश्किल है हालांकि वर्ष 2011 में भारत देश में आखरी बार जनगणना की गई थी लेकिन 2021 में भारत देश में अभी तक आधिकारिक रूप से जनगणना नहीं की गई है.

हालांकि एक अनुमान के अनुसार भारत में वर्ष 2021 में लगभग 139 करोड लोग रहते हैं यह अनुमान दोस्तों पिछले 10 सालों में कितनी जनसंख्या बढ़ी थी इसके आधार पर लगाया गया है हालांकि जैसा कि आपको हमने बताया कि आधिकारिक रूप से 2021 में जनगणना नहीं हुई है.

निष्कर्ष

आज की इस पोस्ट में हमने 1947 में भारत की जनसंख्या कितनी थी इसके बारे में डिटेल के साथ आपको बताने का पूरा प्रयास किया है यदि हमारे से इस पोस्ट में कोई जानकारी गलत दी गई हो या कोई जानकारी छूट गई हो तो इसके बारे में आप हमें कमेंट में जरूर बता सकते हैं.

अब आखिर में यही कहना चाहूंगा कि आपके हिसाब से भारत देश में लगातार जनसंख्या में वृद्धि का कारण क्या है इसके बारे में आप अपने विचार कमेंट में हमारे साथ जरूर शेयर करें

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